राजस्थान के धोरों में विदेशी पक्षियों का डेरा
रूस, मंगोलिया और कजाकिस्तान से अफगानिस्तान के रास्ते भारत आने वाले साइबेरियन सारस अब राजस्थान में भी ठिकाना बदल रहे हैं।
भरतपुर, जैसलमेर, बाड़मेर और चूरू के बाद बीकानेर के लूणकरणसर की वेटलैंड में इस बार 25 हजार से ज्यादा कुरजां आए हैं। यह संख्या पिछली बार के सभी रिकॉर्ड से ज्यादा है। ये करीब 26 हजार फीट की ऊंचाई तक उड़ सकते हैं। वे राजस्थान आने और फिर वापस जाने में करीब 10 हजार किलोमीटर तक की दूरी तय करते हैं।

No comments