Breaking News

रिश्वत लेने के अपराध में सिंचाई एईएन को कारावास

- साढ़े तीन लाख का चैक काटने की एवज में लिए थे पांच हजार रुपए
श्रीगंगानगर (एसबीटी)। रिश्वत मांगने के अपराध में श्रीगंगानगर एसीबी न्यायालय ने आरोपित सिंचाई एईएन को  कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही उसे आर्थिक जुर्माने से दंडित किया है। न्यायालय ने उक्त निर्णय 7 वर्ष से अधिक पुराने प्रकरण की सुनवाई के बाद दिया है।
प्रकरण के अनुसार ढाणी खोखरा भादरा (हनुमानगढ़) निवासी महेन्द्र सिंह कुम्हार ने 23 मार्च 2012 को भ्र्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो में शिकायत दर्ज करवाई। परिवादी ने बताया कि आरडब्ल्यूएसआरपी सिंचाई विभाग खंड भादरा में सिद्धमुख नहर रासलाना वितरिका में नहर की सिल्ट निकालते व कैनाल कॉलोनी भादरा में बाउंड्री वॉल रिपेयरिंग और जंगल क्लीयरेंस का ठेका ले रखा है। किए गए कार्य का लगभग 3 लाख 50 हजार रुपए का भुगतान विभाग के पास है। सहायक अभियंता सुभाष माथुर के पास अधिशाषी अभियंता का भी चार्ज है।
आरोपी एईएन सुभाष माथुर ने चैक काटने की एवज में 5 हजार रुपए की रिश्वत मांगी। एसीबी ने सत्यापन के बाद टै्रप कार्रवाई को अंजाम दिया। आरोपी सुभाष माथुर को 5 हजार रुपए की रिश्वत सहित गिरफ्तार किया। जांच के बाद ब्यूरो ने न्यायालय में चालान पेश किया। न्यायालय में सुनवाई के बाद आरोपी को भ्र्रष्टाचार निरोधक की धारा 13 व 7 को दोषी माना। न्यायालय ने अपने निर्णय में आरोपी सुभाष माथुर को दोनों धाराओं मेंं 2-2 वर्ष का साधारण कारावास और 10-10 हजार रुपए के अर्थदंड की सजा सुनाई। अर्थदंड नहीं देने पर आरोपी को 3-3 माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।


No comments