राजस्थान में शादियों मेें 5 की जगह मिलेगी सिर्फ 1 मिठाई
राजस्थान में 19 अप्रैल से अक्षय तृतीया के अबूझ सावे के साथ ही शादियों की शहनाइयां गूंजने वाली हैं. लेकिन इस बार वैवाहिक आयोजनों पर खुशियों के साथ-साथ कमर्शियल गैस सिलेंडरों की भारी किल्लत का साया मंडरा रहा है. आलम यह है कि गैस बचाने की जद्दोजहद में शादियों के पारंपरिक और शाही मेन्यू से कई पसंदीदा व्यंजन गायब हो रहे हैं. पहले जिन शादियों में 5 से 6 तरह की मिठाइयां परोसी जाती थीं, अब वहां सिलेंडरों की कमी के कारण उनकी संख्या घटाकर केवल 2 या 3 कर दी गई है. चाट-पकौड़ी, डोसा और पनीर टिक्का जैसे लोकप्रिय 'लाइव काउंटरÓ जो भारी मात्रा में गैस की खपत करते हैं, उन्हें भी कई जगहों पर मेन्यू से बाहर का रास्ता दिखा दिया गया है.

No comments