10वीं के बाद टूट रहा सरकारी स्कूलों से नाता
राजस्थान में अंग्रेजी माध्यम शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए शुरू किए गए महात्मा गांधी राजकीय विद्यालय (अंग्रेजी माध्यम) और स्वामी विवेकानंद मॉडल स्कूल अब एक नई चुनौती से जूझ रहे हैं। दसवीं कक्षा तक इन स्कूलों में नामांकन संतोषजनक रहने के बावजूद 11वीं और 12वीं में कक्षाएं खाली होती जा रही हैं। इसका मुख्य कारण व्याख्याताओं के पद रिक्त होना और विद्यार्थियों का फाउंडेशन कोर्स के लिए कोटा व सीकर जैसे बड़े शिक्षा केंद्रों की ओर रुख करना है। नीट, जेईई जैसी प्रतिस्पर्धी परीक्षाओं की तैयारी के लिए छात्र-छात्राएं 10वीं के बाद ही कोचिंग हब की ओर रुख कर रहे हैं।

No comments