सहकारी चुनावों में प्रशासनिक अधिकारियों की भूमिका खत्म
राजस्थान सहकारिता राज्यमंत्री गोतम कुमार ने स्पष्ट किया कि प्रदेश की सहकारी संस्थाओं में प्रशासनिक अधिकारियों द्वारा चुनाव संपन्न कराने का कोई प्रस्ताव विचाराधीन नहीं है। उन्होंने कहा कि इन संस्थाओं के चुनाव निष्पक्ष एवं पारदर्शी तरीके से संपन्न कराने के लिए राजस्थान राज्य सहकारी निर्वाचन प्राधिकरण का गठन किया गया है।
राज्यमंत्री ने बताया कि चुनाव प्रक्रिया में निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए विभागीय अधिकारियों एवं कर्मचारियों की नियुक्ति की जाती है तथा आवश्यकतानुसार पुलिस प्रशासन का सहयोग भी लिया जाता है। इसके अलावा, चुनाव में धांधली या अनियमितताओं की स्थिति में राजस्थान सहकारी सोसाइटी अधिनियम 2001 की धारा 58 के तहत पंच निर्णायक नियुक्त किए जाते हैं।
राज्यमंत्री ने बताया कि चुनाव प्रक्रिया में निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए विभागीय अधिकारियों एवं कर्मचारियों की नियुक्ति की जाती है तथा आवश्यकतानुसार पुलिस प्रशासन का सहयोग भी लिया जाता है। इसके अलावा, चुनाव में धांधली या अनियमितताओं की स्थिति में राजस्थान सहकारी सोसाइटी अधिनियम 2001 की धारा 58 के तहत पंच निर्णायक नियुक्त किए जाते हैं।

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